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Enjoy Every Movement of life!
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खून गरम है,
तो कोशिश करो की सही जगह आंच लगे...
ना फेकना इस कीचड़ में पत्थर,
कहीं ऐसा ना हो,
तुम्हारे दामन में ही दाग लगे...
रूह से कैसी दिल्लगी,
जिस्म तन्हा कर जाएगी इक दिन...
बस ईमान ऐसा रखना दोस्त मेरे,
के तेरी कब्र देखकर,
हर किसी के सीने में आग लगे...
है इश्क तो फिर असर भी होगा,
जितना है इधर उधर भी होगा ।
मिल नहीं पाता तो क्या हुआ,
मोहब्बत तो तुमसे फिर भी बेहिसाब करता हूं ।
