अब काश मेरे दर्द की कोई दवा न हो
बढ़ता ही जाये ये तो मुसल्सल शिफ़ा न हो
बाग़ों में देखूं टूटे हुए बर्ग ओ बार ही
मेरी नजर बहार की फिर आशना न हो
Enjoy Every Movement of life!
अब काश मेरे दर्द की कोई दवा न हो
बढ़ता ही जाये ये तो मुसल्सल शिफ़ा न हो
बाग़ों में देखूं टूटे हुए बर्ग ओ बार ही
मेरी नजर बहार की फिर आशना न हो
jithe dil ton lagiyaa hon
othe kujh lukoeyaa na karo
haase wandeyaa karo janab khoeya na karo
ਜਿੱਥੇ ਦਿਲ ❤ ਤੋ ਲੱਗੀਆਂ ਹੋਣ
ਉੱਥੇ ਕੁੱਝ ਲੁਕੋਇਆ ਨਾ ਕਰੋ,
“ਹਾਸੇ ਵੰਡਿਆ ਕਰੋ ਜਨਾਬ ਖੋਹਿਆ ਨਾ ਕਰੋ”
ginatee mein zara kamazor hoon,
jakhm behisaab na diya karo.…
गिनती में ज़रा कमज़ोर हूं,
जख्म बेहिसाब ना दिया करो.…