Maana Ki Tum Lafzon Ke Baadshah Ho Lekin,
Hum Bhi Khamoshiyon Par Raaj Karte Hain!
Maana Ki Tum Lafzon Ke Baadshah Ho Lekin,
Hum Bhi Khamoshiyon Par Raaj Karte Hain!
जाने कहाँ बैठकर देखती होगी, वो आज जहां भी रहती है..
नाराज़ है वो किसी बात को लेकर, सपनों में आकर कहती है..
मैं याद नहीं करता अब उसको, चुप-चाप देखकर सहती है..
वो चली गई भले दुनिया से, मेरे ज़हन में अब भी रहती है..
उसे चाहता हूँ पहले की तरह, ये तो वो आज भी कहती है..
किसी और संग मुझे देख-ले गर जो, वो आज भी लड़ती रहती है..
ना वो भूली ना मैं भुला, भले भूल गई दुनिया कहती है..
रहती थी पहले भी पास मेरे, मेरे साथ आज भी रहती है..
Kujh tutte kwaab
te kujh tutteyaan umeedan
bas is da hi naam zindagi hai
ਕੁੱਝ ਟੁੱਟੇ ਖਵਾਬ
ਤੇ ਕੁਝ ਟੁੱਟੀਆਂ ਉਮੀਦਾਂ
ਬਸ ਇਸ ਦਾ ਨਾਮ ਹੀ ਜ਼ਿੰਦਗੀ ਹੈ