जिन रास्तों पे सुरु ये सफर हुआ था,
आज उन्हीपे वापिस लौट रहा हूँ।
ख्वाब जो देखे थे कल,
आज उन्हें पाके लौट रहा हूँ।
कामयाबियों के राह पे जो छुटा था,
उन्हें आज समेट ते हुए लौट रहा हूँ।
Enjoy Every Movement of life!
जिन रास्तों पे सुरु ये सफर हुआ था,
आज उन्हीपे वापिस लौट रहा हूँ।
ख्वाब जो देखे थे कल,
आज उन्हें पाके लौट रहा हूँ।
कामयाबियों के राह पे जो छुटा था,
उन्हें आज समेट ते हुए लौट रहा हूँ।
faslo ka ehsaas tab huaa jab maine
kaha “theek hu” aur usne maan liya
ਫ਼ਾਸਲੋ ਕਾ ਅਹਿਸਾਸ ਤਬ ਹੁਆ ਜਬ ਮੈਂਨੇ
ਕਹਾ ” ਠੀਕ ਹੂੰ ” ਔਰ ਉਸਨੇ ਮਾਨ ਲਿਆ…
मैं तेरे नसीब कि बारिश नहीं जो तुझपे बरस जाऊं,,,😌
तुझे तक़दीर बदलनी होगी मुझे पाने के लिए!!!…..😉😉😉