किस हरम में जाती होगी रूह,
ये जिस्म छोड़ने के बाद, पता नही...
लगता है वहां सुकून बहुत मिलता होगा,
वरना हर किसी का मुकद्दर वही नही होता...
Enjoy Every Movement of life!
किस हरम में जाती होगी रूह,
ये जिस्म छोड़ने के बाद, पता नही...
लगता है वहां सुकून बहुत मिलता होगा,
वरना हर किसी का मुकद्दर वही नही होता...
jaroorat si pyaar di
yaar guwaach ho gaye
labhde labhde dil da haani
asi apne aap ton guwaach gaye
ਜ਼ਰੂਰਤ ਸੀ ਪਿਆਰ ਦੀ
ਯਾਰ ਗੁਆਚ ਹੋ ਗਏ
ਲੱਭਦੇ ਲੱਭਦੇ ਦਿਲ ਦਾ ਹਾਣੀ
ਅਸੀਂ ਆਪਣੇ ਆਪ ਤੋਂ ਗੁਆਚ ਹੋ ਗਏ
—ਗੁਰੂ ਗਾਬਾ
जो लोग हमे पागल कहते थे
उनका कहना अब ठीक लगता हैं
तेरे इश्क में रहेगें ता उम्र अब
चाहे कितना भी अजीब लगता हैं
तेरे मर्जी हैं आ या नही
हम अब ऐसे ही जियेगे
हमे यही सलीका अब ठीक लगता हैं