Tujhe hak hai apni duniyaa me khushh rehne ka
mera kya..
Meri toh duniyaa hi tu hai
तुझे हक़ है अपनी दुनिया में खुश रहने का..
मेरा क्या..
मेरी तो दुनिया ही तू है..
Tujhe hak hai apni duniyaa me khushh rehne ka
mera kya..
Meri toh duniyaa hi tu hai
तुझे हक़ है अपनी दुनिया में खुश रहने का..
मेरा क्या..
मेरी तो दुनिया ही तू है..
Yun to bheed kaafi huya karti thi, mehfil mein meri,
Fir mein sach bolta gya aur log uthte gaye..!💯
यूँ तो “भीड़” क़ाफी हुआ करती थी,”महफ़िल” में मेरी,
फिर मैं “सच” बोलता गया..और लोग “उठते” गए..!💯
प्यार था और रहेगा भी..लेकिन बस अब बार बार टूटने की हिम्मत खत्म हो गयी है डर में नही जी सकते के कब कौन बीच रास्ते साथ छोड़ जाए अकेले का सफर कठिन है जानती हूँ पर किसी के साथ रहकर भी तन्हा महसूस करना ज़्यादा बुरा लगता है 😔