Shayar Bana Diya Adhuri Mohabbat Ne,
Mohabbat Agar Puri Hoti To Hum Bhi Ek Ghazal Hota!
Shayar Bana Diya Adhuri Mohabbat Ne,
Mohabbat Agar Puri Hoti To Hum Bhi Ek Ghazal Hota!
Baadlo ke aage bhi ek shehr hai
Us shehar ke aage mera ghar bas ek pehar hai
Kabhi aayo to pahadon vali sadak le lena tum
Agar gum hue to baadlon ki madad le lena tum
Aur milo mujse to swaal km hi puchna
Agar chup raha mein to ankhein padh lena tum
Kabhi aayo to pahadon vali sadak..
बादलो के आगे भी एक शहर है
उस शहर के आगे मेरा घर बस एक पहर है
कभी आओ तो पहाड़ों वाली सड़क ले लेना तुम
अगर गुम हुए तो बादलो की मदद ले लेना तुम
और मिलो मुझसे तो सवाल थोड़े कम ही पूछना
अगर चुप रहा मै तो आखें पढ़ लेना तुम
कभी आओ तो पहाड़ों वाली सड़क….
ना हुस्न से, ना सूरत से, ना तेरी अदाओं से दिल बेचैन है…
तेरे जिस्म का घायल करने वाला हिस्सा, तो सिर्फ़ तेरे नैन हैं..
देखा जो तूने, लगा लहरों पे चलती, ठंडी हवाओं का झोंका है..
क्या समझ इस इशारे में, कुछ था, या मेरी नजरों का धोखा है..
अब ना दिन में चैन है, ना रातों को सुकून मिलता है..
क्या तुझे लगता है, के किसी रांझे से मेरा खून मिलता है..??
अब तू ही सुलझा ये गुत्थी, जो मेरे ज़हन में चल रही है..
क्या ये आग ठीक है, प्यार की, जो मेरे सीने में जल रही है..?