Skip to content

WhatsApp Image 2024-02-16 at 13.27.04

Title: WhatsApp Image 2024-02-16 at 13.27.04

Best Punjabi - Hindi Love Poems, Sad Poems, Shayari and English Status


Jisam da yug || true lines

Ajjkal yug jisma da
Loka nu mohobbat de bare ki pta
Jado aawe suaad chakh piyala jisma da
Fer besuaad jehi ho gyi mohobbat bare ki pta
Ki pta kise de jazbaat de bare
Ki pta dil di umeed tuttan de bare
Jado pai gayi Howe aadat maikhaneya de dar di
Fer bande nu mandir maszid gurudware bare ki pta
-Guru Gaba

ਅੱਜ ਕੱਲ ਯੁੱਗ ਜਿਸਮਾਂ ਦਾ
ਲੋਕਾਂ ਨੂੰ ਮਹੁੱਬਤ ਦੇ ਬਾਰੇ ਕੀ ਪਤਾ
ਜਦੋਂ ਆਵੇ ਸੁਆਦ ਚੱਖ ਪਿਆਲਾ ਜਿਸਮਾਂ ਦਾ
ਫੇਰ ਬੇਸੁਆਦ ਜਿਹੀ ਹੋ ਗਈ ਮਹੁੱਬਤ ਬਾਰੇ ਕੀ ਪਤਾ
ਕੀ ਪਤਾ ਕਿਸੇ ਦੇ ਜ਼ਜਬਾਤ ਦੇ ਬਾਰੇ
ਕੀ ਪਤਾ ਦਿਲ ਉਮੀਦ ਟੁੱਟਣ ਦੇ ਬਾਰੇ
ਜਦੋਂ ਪੈ ਗਈ ਹੋਵੇ ਆਦਤ ਮੈਖ਼ਾਨੇਆ ਦੇ ਦਰ ਦੀ
ਫੇਰ ਬੰਦੇ ਨੂੰ ਮੰਦਿਰ ਮਸਜਿਦ ਗੁਰਦੁਆਰੇ ਬਾਰੇ ਕੀ ਪਤਾ
-ਗੁਰੂ ਗਾਬਾ

Title: Jisam da yug || true lines


ऊँट की गर्दन || akbar story

अकबर बीरबल की हाज़िर जवाबी के बडे कायल थे। एक दिन दरबार में खुश होकर उन्होंने बीरबल को कुछ पुरस्कार देने की घोषणा की। लेकिन बहुत दिन गुजरने के बाद भी बीरबल को पुरस्कार की प्राप्त नहीं हुई। बीरबल बडी ही उलझन में थे कि महाराज को याद दिलायें तो कैसे?

एक दिन महारजा अकबर यमुना नदी के किनारे शाम की सैर पर निकले। बीरबल उनके साथ था। अकबर ने वहाँ एक ऊँट को घुमते देखा। अकबर ने बीरबल से पूछा, “बीरबल बताओ, ऊँट की गर्दन मुडी क्यों होती है”?

बीरबल ने सोचा महाराज को उनका वादा याद दिलाने का यह सही समय है। उन्होंने जवाब दिया – “महाराज यह ऊँट किसी से वादा करके भूल गया है, जिसके कारण ऊँट की गर्दन मुड गयी है। महाराज, कहते हैं कि जो भी अपना वादा भूल जाता है तो भगवान उनकी गर्दन ऊँट की तरह मोड देता है। यह एक तरह की सजा है।”

तभी अकबर को ध्यान आता है कि वो भी तो बीरबल से किया अपना एक वादा भूल गये हैं। उन्होंने बीरबल से जल्दी से महल में चलने के लिये कहा। और महल में पहुँचते ही सबसे पहले बीरबल को पुरस्कार की धनराशी उसे सौंप दी, और बोले मेरी गर्दन तो ऊँट की तरह नहीं मुडेगी बीरबल। और यह कहकर अकबर अपनी हँसी नहीं रोक पाए।

और इस तरह बीरबल ने अपनी चतुराई से बिना माँगे अपना पुरस्कार राजा से प्राप्त किया।

Title: ऊँट की गर्दन || akbar story