
Roshni hoyi taan dikheya Nanak..!!
Mein suas suas ohnu yaad kra
Mere sahaan utte likheya nanak..!!
Enjoy Every Movement of life!

ज़िन्दगी सीधे साधे चलना ठीक नही
उबड़ खाबड़ पड़ाव भी जरूरी है,
तैरते तैरते बाजू थक जाएंगे
एक पल के लिए नाव भी जरूरी है,
बदलाव भी जरूरी
ये घाव भी जरूरी है,
इतनी धूप अच्छी नेही
थोड़ी छांव भी जरूरी है..!
हद-ए-शहर से निकली तो,
गांव-गांव चली..
कुछ यादें मेरे संग,
पांव-पांव चली..!
सफर जो धूप का किया तो,
तजुर्बा हुआ..
वो ज़िन्दगी ही क्या जो,
छांव-छांव चली..!!
Haan ab Khamoshi hai Khamoshi hogi
Hamesha Hamesha ke liye🙃💯
हाँ अब ख़ामोशी हे ख़ामोशी होगी
हमेशा हमेशा के लिए🙃💯