Nasha pila ke girana to sbko aata hai
Maza to tb aaye jb girto ko tham le galib
नशा पिला के गिराना तो सबको आता है
मज़ा तो तब आये जब गिरतों को थाम ले गालिब
Nasha pila ke girana to sbko aata hai
Maza to tb aaye jb girto ko tham le galib
नशा पिला के गिराना तो सबको आता है
मज़ा तो तब आये जब गिरतों को थाम ले गालिब
nadi de kinare
te dujhe chann te taree
tere jaan ton baad
hun ehi mere dil nu piyare
ਨਦੀ ਦੇ ਕਿਨਾਰੇ
ਤੇ ਦੂਜੇ ਚੰਨ ਤੇ ਤਾਰੇ
ਤੇਰੇ ਤੋਂ ਬਾਅਦ
ਹੁਣ ਏਹੀ ਮੇਰੇ ਦਿਲ ਨੂੰ ਪਿਆਰੇ
एक रात जब दरवाजे पर दस्तक हुई, तो लगा कोई आया होगा..
आख़िर देर रात ये है कौन। कहीं कोई बुरी खबर तो ना लाया होगा..?
बिस्तर से उठा घबराहट के साथ, रात ताला भी तो लगाया होगा..
चाबी ना जाने कहां रख दी मैंने, ऐसा होगा, रात दिमाग में ना आया होगा..
चाबी लेकर दौड़ा दरवाजे की ओर, दरवाजा तो खोलू, शायद कोई घबराया होगा..
दरवाज़ा खोला कोई नहीं था, ये कोई मज़ाक का वक़्त है, जो दरवाज़ा खटखटाया
होगा..
ना जाने कौन था ये, जो इतनी रात गऐ मेरे दर पे आया होगा..?
पूरी रात निकल गई सोचने में, ये मेरा वहम था, या सच में कोई आया होगा..