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Pyaar ho jaata fir se || hindi shayari

Likha jo sach kaagaz par
Shayari bann gayi
Pyaar jo kiya chehra dekh kar
Mohabbat bann gayi
Dua jo maangi tumhari khairiyat ki
Ibaadat bann gayi
Nasha jo kiya tumhari yaad mein
Aadat bann gayi
Sangeet jo seekha tumhe lubhane ki khaatir
Manzil bann gayi
Ikraar karke meri jhooti muskurahat
Hasi bann gayi..

Jab tum apni badi badi aankhon se mughe dekhti ho
Tumhari aankhein zubaan bann jaati hai
Jab tum mera naam pukarti ho
Toh lagta hai ikraar-e-mohabbat hai
Jab tum masoom sawaal poochhti ho
Toh itna saaf iraada maine kahi nahi dekha
Jab tum mere sawaal poochhne ka intezaar karti ho
Tumhare jawaab mein ek rishta banane ki betaabi si hoti hai..

Laparwah aashiq se
Shayar tak ka mera safar
bahot khoobsurat tha
Aankh se aansu nikalkar
Kalam mein siyahi bankar
Kaagaz pe utarta tha..
Kaash tumne dekha hota
Pyaar ho jata phir se..

Title: Pyaar ho jaata fir se || hindi shayari

Best Punjabi - Hindi Love Poems, Sad Poems, Shayari and English Status


ਰੱਬ ਦੀ ਰਜ਼ਾ ਵਿੱਚ ਰਹੀਦਾ, ਤੇ ਸਰਬਤ ਦਾ ਭਲਾ ਮੰਗੀਂਦਾ !

ਮਾਪਿਆਂ ਤੋਂ ਕਦੇ ਦੂਰ ਨਹੀਂ ਲੰਘੀਦਾ
ਸੱਚ ਕਹਿਣੋ ਕਿਸੇ ਦੇ ਮੂਹਰੇ ਨਹੀਂ ਸੰਗੀਂਦਾ !
ਰਾਹ ਜਾਂਦੇ ਦੇਖ ਕੇ ,ਕਦੇ ਨਹੀਂ ਖੰਘੀਦਾ,
ਰੱਬ ਦੀ ਰਜ਼ਾ ਵਿੱਚ ਰਹੀਦਾ,
ਤੇ ਸਰਬਤ ਦਾ ਭਲਾ ਮੰਗੀਂਦਾ !!!

Title: ਰੱਬ ਦੀ ਰਜ਼ਾ ਵਿੱਚ ਰਹੀਦਾ, ਤੇ ਸਰਬਤ ਦਾ ਭਲਾ ਮੰਗੀਂਦਾ !


अकबर-बीरबल और जादुई गधे || hindi story

एक समय की बात है, बादशाह अकबर ने अपने बेगम के जन्मदिन के लिए बहुत ही खूबसूरत और बेशकीमती हार बनवाया था। जब जन्मदिन आया, तो बादशाह अकबर ने वह हार अपनी बेगम को तोहफे में दे दिया, जो उनकी बेगम को बहुत पसंद आया। अगली रात बेगम साहिबा ने वह हार गले से उतारकर एक संदूक में रख दिया। जब इस बात को कई दिन गुजर गए, तो एक दिन बेगम साहिबा ने हार पहने के लिए संदूक खोला, लेकिन हार कहीं नहीं मिला। इससे वह बहुत उदास हो गईं और इस बारे में बादशाह अकबर को बताया। इस बारे में पता चलते ही बादशाह अकबर ने अपने सैनिकों को हार ढूंढने का आदेश दिया, लेकिन हार कहीं नहीं मिला। इससे अकबर को यकीन हो गया कि बेगम का हार चोरी हो गया है।

फिर अकबर ने बीरबल को महल में आने के लिए बुलावा भेजा। जब बीरबल आया, तो अकबर ने सारी बात बताई और हार को खोज निकालने की जिम्मेदारी उसे सौंप दी। बीरबल ने समय व्यर्थ किए बिना ही राजमहल में काम करने वाले सभी लोगों को दरबार में आने के लिए संदेश भिजवाया। थोड़े ही देर में दरबार लग गया। दरबार में अकबर और बेगम सहित सभी काम करने वाले हाजिर थे, लेकिन बीरबल दरबार में नहीं था। सभी बीरबल का इंतजार कर ही रहे थे कि तभी बीरबल एक गधा लेकर राज दरबार में पहुंच जाता है। देर से दरबार में आने के लिए बीरबल बादशाह अकबर से माफी मांगता है। सभी सोचने लगते हैं कि बीरबल गधे को लेकर राज दरबार में क्यों आया है। फिर बीरबल बताता है कि यह गधा उसका दोस्त है और उसके पास जादुई शक्ति है। यह शाही हार चुराने वाले का नाम बता सकता है।

इसके बाद बीरबल जादुई गधे को सबसे नजदीक वाले कमरे में ले जाकर बांध देता है और कहता है कि सभी एक-एक करके कमरे में जाएं और गधे की पूंछ पकड़कर चिल्लाए “जहांपनाह मैंने चोरी नहीं की है।” साथ ही बीरबल कहता है कि आप सभी की आवाज दरबार तक आनी चाहिए। सभी के पूंछ पकड़कर चिल्लाने के बाद आखिर में गधा बताएगा कि चोरी किसने की है।

इसके बाद सभी कमरे के बाहर एक लाइन में खड़े हो गए और एक-एक करके सभी ने कमरे में जाना शुरू कर दिया। जो भी कमरे के अंदर जाता, तो पूंछ पकड़ कर चिल्लाना शुरू कर देता “जहांपनाह मैंने चोरी नहीं की है।” जब सभी का नंबर आ जाता है, तो अंत में बीरबल कमरे में जाता है और कुछ देर बाद कमरे से बाहर आ जाता है।

फिर बीरबल सभी काम करने वालों के पास जाकर उन्हें दोनों हाथ सामने करने को बोलता है और एक-एक करके सभी के हाथ सूंघने लगता है। बीरबल की इस हरकत को देखकर सभी हैरान हो जाते हैं। ऐसे ही सूंघते-सूंघते एक काम करने वाले का हाथ पकड़कर बीरबल जोर से बोलता है, “जहांपनाह इसने चोरी की है।” ये सुनकर अकबर बीरबल से कहते हैं, “तुम इतने यकीन के साथ कैसे कह सकते हो कि चोरी इस सेवक ने ही की है। क्या तुम्हें जादुई गधे ने इसका नाम बताया है।”

तब बीरबल बोलता है, “जहांपनाह यह गधा जादुई नहीं है। यह बाकी गधों की तरह साधारण ही है। बस मैंने इस गधे की पूंछ पर एक खास तरह का इत्र लगाया है। सभी सेवकों ने गधे की पूंछ को पकड़ा, बस इस चोर को छोड़कर। इसलिए, इसके हाथ से इत्र की खुशबू नहीं आ रही है।”

फिर चोर को पकड़ लिया गया और उससे चोरी के सभी सामान के साथ ही बेगम का हार भी बरामद कर लिया गया। बीरबल की इस अक्लमंदी की सभी ने सराहना की और बेगम ने खुश होकर बादशाह अकबर से उसे उपहार भी दिलवाया।

Title: अकबर-बीरबल और जादुई गधे || hindi story