रख हौसला वो मंजर भी आएगा
प्यासे के पास चलकर समंदर भी आएगा
थक कर ना बैठ ए मंजिल के मुसाफिर
मंजिल भी मिलेगी मिलने का मजा भी आएगा
Enjoy Every Movement of life!
रख हौसला वो मंजर भी आएगा
प्यासे के पास चलकर समंदर भी आएगा
थक कर ना बैठ ए मंजिल के मुसाफिर
मंजिल भी मिलेगी मिलने का मजा भी आएगा
मुकम्मल ना हुआ इश्क तोह मेरा किया कसूर
यह तोह तेरी और तकदीर की मेहरबानी है
और बहुत फ़िक्र ना किया कर अब
अधुरा इश्क रहे ना तोह सच्ची मोहब्बत की निशानी हैं
—ਗੁਰੂ ਗਾਬਾ 🌷
Yeh ishq hi toh hai
Ki hm aaj is haal pe hai
Wrna aalag hi kuch hota
Andaaz hamara…