badlan wale rutaa da itezaar nai karde
ਬਦਲਣ ਵਾਲੇ ਰੁੱਤਾਂ ਦਾ ਇੰਤਜ਼ਾਰ ਨਹੀਂ ਕਰਦੇ
badlan wale rutaa da itezaar nai karde
ਬਦਲਣ ਵਾਲੇ ਰੁੱਤਾਂ ਦਾ ਇੰਤਜ਼ਾਰ ਨਹੀਂ ਕਰਦੇ
सुना है लोग तुझे आँखें भरकर देखते हैं , है मन में क्या उनके ये तो सवाल कर ।
माना लोगों की फितरत अब अच्छी नहीं , अपनी इज्जत का तू तो ज़रा ख्याल कर ।।
बादस्तूर चलती रही नाराजगी जिंदगी में , वक्त बेवक्त काफिर सा न मेरा हाल कर ।
मेरी आदतों में शूमार है तेरी मोहब्बत का सबब , खुदा का शुक्र मना बेवजह न मलाल कर ।।
बागी मिजाज़ रहा दिल का चाहतों के गुबार में , जिससे कभी मोहब्बत थी उससे अब नफरत भी बेमिसाल कर ।
क्या हुआ जो दुआ भी कुबूल न हुई , हासिल कर अपने दर्द को कुछ तो अब बवाल कर ।।
Kya ishq hi wajah thi
Ya kisi wajah se ishq tha
Tujhse door rehna Teri marzi thi
Door rehkar yaad karna mera ishq tha 💔
क्या ईश्क ही वजह थी
या किसी वजह से ईश्क था
तुझसे दूर रहना तेरी मर्जी थी
दूर रहकर याद करना मेरा ईश्क था 💔