संभालता नहीं है दिल के,
तुम इंतज़ार बहुत बहुत करवाते हो,
बस चंद धड़कने संभाल रखी है,
बस तेरे इक दीदार की खातिर...
Enjoy Every Movement of life!
संभालता नहीं है दिल के,
तुम इंतज़ार बहुत बहुत करवाते हो,
बस चंद धड़कने संभाल रखी है,
बस तेरे इक दीदार की खातिर...
जो दर्द छुपा था सहमी सी आँखों में उसकी, वक़्त लगा पर दिख गया..
उसे भी शायद कोई गम था ऐसा, जो बेरहम इस जमाने से झिक गया..
आँखें मूंदी कई बार तो उसने, शायद गम को कहीं वो छुपा सके..
मगर हर आंसू जो उसकी आंखों से बहा, अपने हर दर्द की दास्तां लिख गया..
Aive gairaan piche bhajh, na eh zindagi barbaad kar
bandeyaa, tu apne andron apne aap di talaash kar
ਐਂਵੇਂ ਗੈਰਾਂ ਪਿੱਛੇ ਭੱਜ
ਨਾ ਇਹ ਜ਼ਿੰਦਗੀ ਬਰਬਾਦ ਕਰ
ਬੰਦਿਆ, ਤੂੰ ਆਪਣੇ ਅੰਦਰੋਂ ਆਪਣੇ ਆਪ ਦੀ ਤਲਾਸ਼ ਕਰ