sazaa suna hi chuke ho toh haal mat pochhna
agar ham beksoor nikle toh tumhe taqleef hogi
ਸਜਾ ਸੁਨਾ ਹੀ ਚੁਕੇ ਹੋ ਤੋ ਹਾਲ ਮਤ ਪੂਛਨਾਂ,
ਅਗਰ ਹਮ ਬੇਕਸੂਰ ਨਿਕਲੇ ਤੋ ਤੁਮਹੇ ਤਕਲੀਫ ਹੋਗੀ ।❤️
sazaa suna hi chuke ho toh haal mat pochhna
agar ham beksoor nikle toh tumhe taqleef hogi
ਸਜਾ ਸੁਨਾ ਹੀ ਚੁਕੇ ਹੋ ਤੋ ਹਾਲ ਮਤ ਪੂਛਨਾਂ,
ਅਗਰ ਹਮ ਬੇਕਸੂਰ ਨਿਕਲੇ ਤੋ ਤੁਮਹੇ ਤਕਲੀਫ ਹੋਗੀ ।❤️
इस ग़म के सवेरे में अजीब सा साया है,
दरवाज़े पर मेरे इक फकीर आया है,
उसे भूख है, मुझे अंधेरों ने खाया है,
जो था सब उसे नज़र कैसे ना करता,
वो मेरे लिए मुट्ठी भर रौशनी लाया है…🍂
तेरी हंसी मुरझाऐ फुलों को भी फिर से खिला दे,
जब झपकाऐ तु पलकें तो ,सुरज को भी ग्रहण लगा दे,
चाल तेरी ऐसी जैसे लहराती हो पीपल की डाल कोई,
और जब खुली हों तेरी जुल्फें तो काली घटा झा जाऐ!
बोल तेरे ऐसे जैसे जलेबी से चासनी टपक जाऐ,
क्या लिखुं तेरी खुबसुरती को तु है गणित का सवाल कोई!