
Sanu raas nahi chandra jagg ve..!!
Asi taan deewane haan tere suthre dil de
Sanu tere vich dikheya e rabb ve..!!

मेरी ज़िन्दगी के जो पल तूने छीने है
याद रखना तुझको भी वही जीने है।।
लेना देना रस्मे नाते ये चलेंगे जीवनभर
पर तेरे लिए प्यार ना बचा अब रत्तीभर।।
अपने हर पल को जीया मेरे से पहले तूने
बारी मेरी आयी तो दिया प्यार का जहर तूने।।
समझ मुझे अब आने लगा है खेल तेरा
जरूरत को तूने अपनी बताया प्यार मेरा।।
मेरी मासूमियत का ये जो फायदा उठाया है
भोली सी ‘गुड़िया’ को प्यार में जलाया है।।
सच्चा प्यार था तेरा तो बचा अब कुछ क्यो नही
एक दिल की आह को दिल से लगाया क्यो नही।।
दिल मेरा आज जो ये रोता है ना
सब्र का एक घुट रोज पीता है ना।।
बदल जाएगी अब ये जिंदगी भी मेरी
जहां अब जगह ना होगी इसमे तेरी।।।
kal raat mainne apane saare gam kamre ki deevaaron pe likh daale,
bas ham sote rahe aur deevaaren roti raheen…..
कल रात मैंने अपने सारे ग़म कमरे की दीवारों पे लिख डाले,
बस हम सोते रहे और दीवारें रोती रहीं…..