एक बचपन का जमाना था
जहाँ खुशियों का खजाना था
चाहत चांद को पाने कि थी
पर दिल तितली का दिवाना था
ना खबर अपनी थी
ना शाम का ठिकाना था
माँ की कहानी थी
परियों का फसाना था
क्यो हो गए आज हम इतने बड़े
इससे अच्छा तो वो बचपन का जमाना था❤️
एक बचपन का जमाना था
जहाँ खुशियों का खजाना था
चाहत चांद को पाने कि थी
पर दिल तितली का दिवाना था
ना खबर अपनी थी
ना शाम का ठिकाना था
माँ की कहानी थी
परियों का फसाना था
क्यो हो गए आज हम इतने बड़े
इससे अच्छा तो वो बचपन का जमाना था❤️
Milti bichadti duniya me bas tumhe chune
vo hota hai dost❤️
Khamoshi ke peeche ka shor sune
vo hota hai dost❤️
Muskurahat to zamana bhi dekh leta hai Udaasi me chupi vajah dhunde
vo hota hai dost❤️❤️
मिलती बिछड़ती दुनिया में बस तुम्हे चुने
वो होता है दोस्त❤️
खामोशी के पीछे का शोर सुने
वो होता है दोस्त❤️
मुस्कुराहट तो कोई भी देख लेता है उदासी के पीछे छुपी वजह ढूंढे
वो होता है दोस्त❤️❤️
Deedar hua uss samay,
To Pyar hua uss samay,
Tumhare saath jeene ki koshish jo ki,
To Inqaar hua uss samay,
Aur
Tumhen paane ki koshish jo ki,
To Haar gaya uss samay💔
दीदार हुआ उस समय
तो प्यार हुआ उस समय
तुम्हारे साथ जीने की कोशिश जो की
तो इनकार हुआ उस समय
और
तुम्हे पाने की कोशिश जो की
तो हार गया उस समय💔