बात बस इतनी सी है कि... जिस दर में सिर झुकाओ तो अपनी नीयत साफ रखना, दुआएं भी नीयत से होती है, दुआओं की कोई नीयत नहीं होती...
बात बस इतनी सी है कि... जिस दर में सिर झुकाओ तो अपनी नीयत साफ रखना, दुआएं भी नीयत से होती है, दुआओं की कोई नीयत नहीं होती...
Inkaar kar deti, Ijhaar kyon kiya.
Saath mein nahi rehna, toh phir Pyaar kyon kiya…???💔
इंकार कर देती ,इजहार क्यो किया ।
साथ में नही रहना ,तो फिर तूने प्यार क्यो किया…???💔
मैं तुम्हे तुमसे ज्यादा जानता हूं,
मैं तुम्हारे दिल का हर किनारा जानता हूं,
जो कहते नहीं वो आंखों से बता देते हो,
मैं तुम्हारी नजरों का हर इशारा जानता हूं
जानता हूं हाथ थाम कर चलना पसंद है तुम्हे,
फिर कांधे में सिर रखकर बैठना पसंद है तुम्हे,
पानी में लिखकर नाम अक्सर मिटा देते हो,
मेरे साथ रहने का तुम्हारा हर बहाना जानता हूं,
मैं तुम्हारे दिल का हर किनारा जनता हूं...