koi nhi puchhda jaat bahar lyaa di
bas pakka hi naam challe
na mangda daaz dahez koi
kudi le ke canada nu challe
ਕੋਈ ਨਹੀ ਪੁਛਦਾ ਜਾਤ ਬਾਹਰ ਲਿਆ ਦੀ,
ਬਸ ਪੱਕਾ ਹੀ ਨਾਮ ਚੱਲੇ।
ਨਾ ਮੰਗਦਾ ਦਾਜ ਦਹੇਜ ਕੋਈ,
ਕੁੜੀ ਲੈਕੇ ਕਨੇਡਾ ਨੂੰ ਚੱਲੇ।
koi nhi puchhda jaat bahar lyaa di
bas pakka hi naam challe
na mangda daaz dahez koi
kudi le ke canada nu challe
ਕੋਈ ਨਹੀ ਪੁਛਦਾ ਜਾਤ ਬਾਹਰ ਲਿਆ ਦੀ,
ਬਸ ਪੱਕਾ ਹੀ ਨਾਮ ਚੱਲੇ।
ਨਾ ਮੰਗਦਾ ਦਾਜ ਦਹੇਜ ਕੋਈ,
ਕੁੜੀ ਲੈਕੇ ਕਨੇਡਾ ਨੂੰ ਚੱਲੇ।
Rutaan badliyaa, raah badle, badl gaye ne ithon de lok
chhad dila, eh duniyaa tere matlab di ni
ithe per per te badl di e soch
ਰੁੱਤਾਂ ਬਦਲੀਆਂ, ਰਾਹ ਬਦਲੇ, ਬਦਲ ਗਏ ਨੇ ਇਥੋਂ ਦੇ ਲੋਕ
ਛੱਡ ਦਿਲਾ, ਇਹ ਦੁਨੀਆ ਤੇਰੇ ਮਤਲਬ ਦੀ ਨੀ
ਇਥੇ ਪੈਰ ਪੈਰ ਤੇ ਬਦਲ ਦੀ ਇ ਸੋਚ .. #GG
दिवाली पर पापा को बोनस मिलता था तनख्वाह थोड़ी ज्यादा आती थी सबको मालूम था दिवाली पर भी नए कपड़े लेने के लिए पैसे गिनकर मिलते थे कोई अगर बीमार हो जाए तो वो नए कपड़े भी कैंसल हो जाते थे। बचपन से ही एडजस्ट करने की आदत लग जाती है ये आदत अच्छी हो होती है पर कभी कभी बुरी भी होती है। धीरे धीरे बड़े हुए तो पता था मम्मी पापा को कुछ बनकर दिखाना है ये ख्वाब साथ लेकर चला पर बाहर निकले घर से तो ये पता चला कि जो मेरा ख्वाब है वही सबका भी ख्वाब था सबको अपनी जिंदगी में मेरी तरह ही कुछ करना था। जैसे तैसे एक नौकरी लगी वो भी मेरी पसंद की नही थी पर पापा का हाथ बंटाने के लिए भी तो कुछ करना था अपने दिल को समझकर वो नौकरी कर ली मुझे नौकरी लगी ये सुनकर मम्मी पापा दोनो खुश हो जाए पापा की आखों से तो आंसू ही आ गए आंखो से निकलते आंसू भी उस दिन मुझसे बात कर रहे थे मानो वो ये कह रहे थे की अब मेरे कंधो का थोड़ा बोझ कम हुआ मेरे साथ कोई कमाने वाला आ गया। उस दिन से मैंने वो नौकरी ज्वाइन कर ली और उसकी भी आदत सी पड़ गई।