Tumhe kya bataye is dil kaa haal
abhi to ham kud uljann me hai
“ਤੁਮਹੇਂ ਕਯਾ ਬਤਾਏ ਇਸ ਦਿਲ ਕਾ ਹਾਲ ਅਭੀ ਤੋਂ ਹਮ ਖ਼ੁਦ ਉਲਜਣ ਮੈਂ ਹੈ”
अगर नजर के नजरिये से निहारो तो हर नजारा नूर लगता है
मेरा वो प्यार जिसे दुनिया गलत कहती थी मुझे वो आज भी कोहिनूर लगता है
किस्मत ने खेला है ऐसा खेल सब कुछ है मेरे पास मगर मेरा महबूब पास होकर भी दूर लगता है
हाँ वो आज भी मुझको कोहिनूर लगता है प्यार मोहब्बत इश्क जितना कुछ था मेरे पास सब कुछ दे दिया उसको
फिर भी वो किसी और के प्यार में मगरूर लगता है
मेरा महबूब पास होकर भी दूर लगता है मगर फिर भी वो मुझको कहिनूर लगता है…harsh tiwari 🖋
Aaj kal kisa da dil toh karn da koi fyda nhi,
Jini appa kadar krde aw oni oh bakadri krde ne ,