
Te keh sathon hunda nahi..!!
Enjoy Every Movement of life!

Jo duniya ki tabahi chahte hai
Hamse khair-khahi chahte hai
Jo muzrim hai hamare
Hum hi se subut-e-begunahi chahte hai😶
जो दुनियां की तबाही चाहते हैं
हमसे खैर-खाही चाहते हैं
जो मुज़रिम है हमारे
हम ही से सबूत-ए-बेगुनाही चाहते हैं😶
मेरी एक गली,उसकी गली से जुड़ी है
मेरे पाव नहीं मुड़े, यही सड़क मुड़ी है
मैं मुस्कुराकर,बोल पड़ा इन दोस्तों से
देखो मेरी ज़न्नत, खिड़की पर खड़ी है
उतने ऊपर, मेरा खुदा भी नहीं दोस्त
उनकी कलाई पे जितनी,चूड़ी चड़ी है
मेरे पूरे हुज़रे पर, साया करती है वो
शहर में उनकी बिल्डिंग इतनी बड़ी है