मोहब्बत है कोई लगाव नहीं,
मोहब्बत है कोई लगाव नहीं,
कांटो भरी रह है कोई फुलो की चादर नहीं,
अगर हंस के गुजर दिए हर लम्हे तो,
अगर हंस के गुजर दिए हर लम्हे तो,
वो मोहब्बत कैसी,
क्या मोहब्बत तो तुम्हें रोना भी सिखाती है…
मोहब्बत है कोई लगाव नहीं,
मोहब्बत है कोई लगाव नहीं,
कांटो भरी रह है कोई फुलो की चादर नहीं,
अगर हंस के गुजर दिए हर लम्हे तो,
अगर हंस के गुजर दिए हर लम्हे तो,
वो मोहब्बत कैसी,
क्या मोहब्बत तो तुम्हें रोना भी सिखाती है…
Main Apni Raah Alag Khud Banake Chalta hoon
Wo Aur Honge Jo Naqshe Qadam Pe Chalte Hain.
Rekhta Pataulvi
Milti bichadti duniya me bas tumhe chune
vo hota hai dost❤️
Khamoshi ke peeche ka shor sune
vo hota hai dost❤️
Muskurahat to zamana bhi dekh leta hai Udaasi me chupi vajah dhunde
vo hota hai dost❤️❤️
मिलती बिछड़ती दुनिया में बस तुम्हे चुने
वो होता है दोस्त❤️
खामोशी के पीछे का शोर सुने
वो होता है दोस्त❤️
मुस्कुराहट तो कोई भी देख लेता है उदासी के पीछे छुपी वजह ढूंढे
वो होता है दोस्त❤️❤️