
Jhoothe ishq ne pata ni kinneyeaa de dil todhe

मरहम घाव ढूंढ रहे हैं, पत्ते छांव ढूंढ रहे हैं,
मंजिलें थोड़ी दूर हैं, रास्ते पांव ढूंढ रहे हैं...
गुमराह करने वालों की भीड़ बहुत बड़ी है
वहां मत जाना वो चलने को बस दाव ढूंढ रहे हैं...
बेच देंगे वो सरकारें भी इक दिन
मिलने का सही भाव ढूंढ रहे हैं...
बेगुनाहों को बेजान करना आदत है इनकी
बस, मूंछों को देने के लिए झूठा ताव ढूंढ रहे
हैं...
Naaz kar tu apne te
Bhawein lakhan ethe chehre ne..!!
Tenu chahun vala vi oh mileya
Jihnu chahun Vale bathere ne🙌..!!
ਨਾਜ਼ ਕਰ ਤੂੰ ਆਪਣੇ ਤੇ
ਭਾਵੇਂ ਲੱਖਾਂ ਇੱਥੇ ਚਿਹਰੇ ਨੇ..!!
ਤੈਨੂੰ ਚਾਹੁਣ ਵਾਲਾ ਵੀ ਉਹ ਮਿਲਿਆ
ਜਿਹਨੂੰ ਚਾਹੁਣ ਵਾਲੇ ਬਥੇਰੇ ਨੇ🙌..!!