“खैरात में मिली जिंदगी की इनायत नहीं किया करते..
किस्मत में ना हो, उसके लिए शिकायत नहीं किया करते..
उसने जिसको जो दिया है, सोच समझकर दिया है..
उसका फैसला सुना करते हैं, उसे हिदायत नहीं दिया करते…”
“खैरात में मिली जिंदगी की इनायत नहीं किया करते..
किस्मत में ना हो, उसके लिए शिकायत नहीं किया करते..
उसने जिसको जो दिया है, सोच समझकर दिया है..
उसका फैसला सुना करते हैं, उसे हिदायत नहीं दिया करते…”
Me edhan da kujh likh baitha
maithon lok tan sarrde firde ne
ਮੈਂ ਇਦਾਂ ਦਾ ਕੁੱਝ ਲਿਖ ਬੈਠਾ,
ਮੈਥੋਂ ਲੋਕ ਤਾਂ ਸੜਦੇ ਫਿਰਦੇ ਨੇ ।
Chale jana teri zindagi chon ikk din
Meri fikran ch haal na behaal rakhi..!!
Door ho ke vi jiona taa tere layi hi e
Tu mere ton baad vi apna khayal rakhi..!!
ਚਲੇ ਜਾਣਾ ਤੇਰੀ ਜ਼ਿੰਦਗੀ ਚੋਂ ਇੱਕ ਦਿਨ
ਮੇਰੀ ਫ਼ਿਕਰਾਂ ‘ਚ ਹਾਲ ਨਾ ਬੇਹਾਲ ਰੱਖੀਂ..!!
ਦੂਰ ਹੋ ਕੇ ਵੀ ਜਿਉਣਾ ਤਾਂ ਤੇਰੇ ਲਈ ਹੀ ਏ
ਤੂੰ ਮੇਰੇ ਤੋਂ ਬਾਅਦ ਵੀ ਆਪਣਾ ਖ਼ਿਆਲ ਰੱਖੀਂ..!!